Yamuna Chhath 2030: यमुना छठ एक महत्वपूर्ण हिंदू त्योहार है, जो यमुना नदी की पूजा के लिए मनाया जाता है। यमुना छठ हर साल चैत्र मास के शुक्लपक्ष की षष्ठी तिथि के दिन मनाई जाती है। और इस पर्व को यमुना जयंती के नाम से भी जाना जाता है। मान्यता है कि इस दिन माता यमुना का धरती पर अवतरण हुआ था। यह त्योहार मुख्य रूप से उत्तर भारत में मनाया जाता है, खासकर मथुरा और वृंदावन में, यमुना छठ के दिन लोग यमुना नदी में स्नान करते हैं और यमुना देवी की पूजा करते हैं।
यह त्योहार यमुना नदी के पवित्र जल को सम्मान देने और उसके संरक्षण के लिए मनाया जाता है। यमुना छठ के दिन लोग अपने परिवार और दोस्तों के साथ यमुना नदी के किनारे जाकर माता यमुना की पूजा-अर्चना करते हैं। और अपने परिवार की सलामती के लिए विनती करते है। आईये जानते है साल 2030 में यमुना छठ कब है 08 या 09 अप्रैल, जानिए पूजा की सही तिथि पूजा का शुभ मुहूर्त, पूजा विधि और महत्व –
2030 में यमुना छठ कब है: Yamuna Chhath 2030 Date Time New Delhi India
| व्रत त्यौहार | व्रत त्यौहार समय |
|---|---|
| यमुना छठ | 09 अप्रैल 2030, दिन मंगलवार |
| षष्ठी तिथि प्रारम्भ होगी | 08 अप्रैल 2030, दोपहर 03:14 मिनट पर |
| षष्ठी तिथि समाप्त होगी | 09 अप्रैल 2030, दोपहर 05:40 मिनट पर |
यमुना छठ पूजा विधि
सबसे पहले सुबह उठकर यमुना नदी में स्नान करें और अपने आप को पवित्र करें। और पूजा के लिए आवश्यक सामग्री जैसे कि फल, फूल, दीपक, अगरबत्ती, और प्रसाद इकट्ठा करें। फिर यमुना नदी के किनारे यमुना देवी की पूजा अर्चना करें। और उन्हें फूल, फल, और प्रसाद चढ़ाएं। इसके बाद यमुना नदी में दीपक जलाएं और यमुना देवी को प्रकाश दिखाएं। फिर यमुना देवी से अपने और अपने परिवार के लिए आशीर्वाद मांगे। और सूर्योदय होने का प्रतीक्षा करें। जब सूर्य उदय हो जाये तो सूर्य देव को जल अर्पित करके पूजा समाप्त करें। इसके बाद यमुना जी को चढ़ाए गए प्रसाद को सभी मे बाट दे और खुद प्रसाद खाकर व्रत का पारण करे।
